पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है
कोलकाता। एंटाली थाना क्षेत्र में एक रूह कंपा देने वाला हादसा सामने आया है। एक मां ने अपने कलेजे के टुकड़े की सुरक्षा के लिए उसे डांटकर छत से नीचे भेजा था, लेकिन उसे क्या पता था कि वह अपनी ममता की छाया से दूर उसे मौत के मुंह में भेज रही है। निर्माणाधीन इमारत की छत से नीचे उतरते समय तीन साल का मासूम प्रीतम राजबंशी लिफ्ट के लिए खोदे गए गहरे गड्ढे में गिर गया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना कॉन्वेंट रोड स्थित एक निर्माणाधीन बहुमंजिला इमारत की है। बुधवार शाम राजकुमार राजबंशी का तीन साल का बेटा प्रीतम अपनी मां काजल कुमारी के साथ चौथी मंजिल की छत पर गया था। मां वहां सूख रहे कपड़े उतार रही थी। काम में मशगूल मां ने बच्चे को वहां से हटकर नीचे घर चले जाने को कहा। मां की डांट सुनकर मासूम सीढिय़ों की ओर बढ़ गया। कुछ देर बाद जब काजल नीचे पहुंची, तो प्रीतम कहीं नजर नहीं आया। बच्चे के अचानक गायब होने से परिजनों के हाथ-पांव फूल गए। काफी तलाश के बाद जब प्रीतम का कुछ पता नहीं चला, तो बुधवार रात राजकुमार ने एंटाली थाने में बेटे की गुमशुदगी की शिकायत दर्ज कराई।
पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल तलाशी अभियान शुरू किया। छानबीन के दौरान पुलिस की नजर निर्माणाधीन लिफ्ट शाफ्ट (गड्ढे) पर पड़ी, जहां मासूम का लहुलुहान शरीर बेसुध पड़ा था। परिजनों की चीख-पुकार के बीच बच्चे को तत्काल एनआरएस मेडिकल कॉलेज अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इस घटना ने निर्माणाधीन इमारतों में सुरक्षा मानकों की पोल खोल दी है। स्थानीय लोगों में बिल्डर के खिलाफ भारी आक्रोश है। मासूम प्रीतम की मौत के बाद राजबंशी परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। मां काजल बार-बार खुद को कोस रही है कि उसने अपने लाल को अकेला नीचे क्यों भेजा। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच की जा रही है कि क्या निर्माण कार्य में लापरवाही बरती गई थी।